कोलकाता/नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों (results) के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) ने भारतीय जनता पार्टी की बड़ी जीत पर अपनी पहली प्रतिक्रिया (first reaction) दी है। उन्होंने कहा कि बंगाल में “कमल खिला” (Lotus blooms) है और यह जीत राज्य की जनता के विश्वास (public mandate) और लोकतंत्र की ताकत का प्रतीक है।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि पश्चिम बंगाल के लोगों ने बदलाव (change) के लिए मतदान किया है और BJP को स्पष्ट जनादेश (clear majority) दिया है। उन्होंने पार्टी के कार्यकर्ताओं (karyakartas) की मेहनत, समर्पण और संघर्ष की सराहना करते हुए कहा कि यह जीत उन्हीं की बदौलत संभव हो पाई है।
পশ্চিমবঙ্গে পদ্ম ফুটল !
২০২৬ সালের পশ্চিমবঙ্গ বিধানসভা নির্বাচন চিরস্মরণীয় হয়ে থাকবে। জনশক্তি এবং বিজেপির সুশাসনের রাজনীতি জয়যুক্ত হয়েছে। আমি পশ্চিমবঙ্গের প্রতিটি মানুষের প্রতি প্রণত।
জনগণ বিজেপিকে এক অভূতপূর্ব জনাদেশ দিয়েছেন এবং আমি তাঁদের আশ্বস্ত করছি যে আমাদের দল…
— Narendra Modi (@narendramodi) May 4, 2026
उन्होंने अपने संदेश में कहा कि अब BJP सरकार राज्य के विकास (development), रोजगार (employment), इंफ्रास्ट्रक्चर (infrastructure) और सुशासन (good governance) को प्राथमिकता देगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि केंद्र और राज्य मिलकर बंगाल को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए काम करेंगे।
रुझानों के अनुसार, 294 सीटों वाली पश्चिम बंगाल विधानसभा में BJP ने बहुमत (majority) का आंकड़ा पार कर लिया है और 200 से ज्यादा सीटों पर बढ़त या जीत दर्ज की है। यह राज्य में पहली बार है जब BJP इतनी बड़ी ताकत के रूप में उभरी है और सरकार बनाने की स्थिति में पहुंची है।
इस चुनाव में ममता बनर्जी की अगुवाई वाली TMC को बड़ा झटका लगा है, जो करीब 15 साल बाद सत्ता से बाहर होती नजर आ रही है। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, यह नतीजे बंगाल की राजनीति में एक बड़े बदलाव का संकेत हैं, जहां लंबे समय से चली आ रही क्षेत्रीय राजनीति को कड़ी चुनौती मिली है।
प्रधानमंत्री मोदी ने अन्य राज्यों के नतीजों पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने तमिलनाडु में विजय की पार्टी TVK के प्रदर्शन की सराहना की और केरल में कांग्रेस-नीत UDF को मिल रही बढ़त पर बधाई दी। साथ ही उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार सभी राज्यों के साथ मिलकर विकास के एजेंडे पर काम करती रहेगी।
इस तरह 2026 के विधानसभा चुनावों ने न सिर्फ पश्चिम बंगाल बल्कि देश की राजनीति में भी नए समीकरण (new political equations) और बदलाव की दिशा तय कर दी है।