छत्तीसगढ़ को मिली 291KM नई रेल लाइन की सौगात, रायगढ़-जशपुर से झारखंड तक दौड़ेगी ट्रेन, किसानों-युवाओं को बड़ा फायदा
By : hashtagu, Last Updated : June 14, 2026 | 4:03 pm
जशपुर, छत्तीसगढ़: छत्तीसगढ़ में नक्सलवाद पर लगातार काबू पाने के बीच विकास को नई गति मिल रही है। इसी कड़ी में रायगढ़ और जशपुर जिले के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। केंद्र सरकार के रेल मंत्रालय ने धरमजयगढ़–पत्थलगांव–लोहरदगा नई रेल लाइन परियोजना को विशेष रेल परियोजना (Special Railway Project) के रूप में अधिसूचित कर दिया है। करीब 291.881 किलोमीटर लंबी यह रेल लाइन छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले के धरमजयगढ़ से शुरू होकर जशपुर जिले के पत्थलगांव से होते हुए झारखंड के लोहरदगा तक जाएगी।
इस महत्वाकांक्षी परियोजना के पूरा होने के बाद जशपुर और रायगढ़ जिले सीधे रेल नेटवर्क से जुड़ जाएंगे। लंबे समय से रेल सुविधा से वंचित जशपुर जिला पहली बार रेल मानचित्र पर आएगा, जिससे क्षेत्र के विकास को नई दिशा मिलने की उम्मीद है। यह परियोजना न केवल जिले बल्कि पूरे छत्तीसगढ़ के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि मानी जा रही है।
नई रेल लाइन से क्षेत्र की कनेक्टिविटी (Connectivity) में बड़ा बदलाव आएगा। अब तक जशपुर जिला मुख्य रूप से सड़क परिवहन पर निर्भर रहा है। रेल संपर्क नहीं होने के कारण विद्यार्थियों, किसानों, व्यापारियों और रोजगार की तलाश में बाहर जाने वाले युवाओं को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ता था। रेल लाइन बनने के बाद लोगों को सुरक्षित, सुलभ और किफायती परिवहन सुविधा मिल सकेगी।
इस परियोजना का सबसे बड़ा लाभ किसानों और व्यापारियों को मिलने वाला है। जशपुर जिला जैविक खेती, सुगंधित धान, मक्का, दलहन, सब्जियों और बागवानी उत्पादों के लिए जाना जाता है। रेल संपर्क स्थापित होने से इन उत्पादों को देश के बड़े बाजारों तक पहुंचाना आसान होगा। इससे किसानों को बेहतर कीमत मिलेगी और उनकी आय में बढ़ोतरी होगी। साथ ही व्यापार और उद्योग को भी नई रफ्तार मिलेगी।
रेल लाइन बनने से पर्यटन (Tourism) क्षेत्र को भी बढ़ावा मिलेगा। जशपुर अपनी प्राकृतिक सुंदरता, जलप्रपातों, धार्मिक स्थलों और पर्यटन केंद्रों के लिए प्रसिद्ध है। बेहतर रेल संपर्क होने से पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी, जिससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
परियोजना के निर्माण और संचालन के दौरान भी बड़ी संख्या में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। इससे युवाओं को स्थानीय स्तर पर काम मिलने की संभावना बढ़ेगी और क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को मजबूती मिलेगी।
केंद्र सरकार का मानना है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देशभर में विकसित की जा रही आधुनिक आधारभूत संरचना और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के प्रयासों के चलते यह परियोजना संभव हो सकी है। रेल लाइन के निर्माण के बाद छत्तीसगढ़ और झारखंड के बीच आवागमन, व्यापार और विकास को नई गति मिलने की उम्मीद है।




