खनन परियोजनाओं का हो गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध क्रियान्वयन: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

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  • Publish Date - February 4, 2026 / 07:57 PM IST

रायपुर, छत्तीसगढ़: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय (Vishnu Deo Sai) ने कहा है कि छत्तीसगढ़ खनिज संपदा से समृद्ध राज्य है और यहां संचालित सभी खनन परियोजनाओं (Mining Projects) का गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध क्रियान्वयन (Implementation) सुनिश्चित किया जाना चाहिए। वे मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित छत्तीसगढ़ खनिज विकास निधि सलाहकार समिति की 21वीं बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में रेयर अर्थ मिनरल्स (Rare Earth Minerals) सहित कई महत्वपूर्ण खनिजों के प्रचुर भंडार मौजूद हैं। इन संसाधनों के बेहतर उपयोग के लिए योजनाबद्ध तरीके से कार्य करना जरूरी है। उन्होंने खनिजों के अवैध उत्खनन (Illegal Mining) और अवैध परिवहन (Illegal Transportation) पर सख्त निगरानी के निर्देश दिए। इसके लिए विशेष टास्क फोर्स के साथ-साथ आईटी (IT) और ड्रोन तकनीक (Drone Technology) के अधिक प्रभावी उपयोग पर जोर दिया गया।

मुख्यमंत्री ने पीएमकेकेकेवाई (PMKKKY) के तहत खनिज 2.0 पोर्टल के माध्यम से व्यय और कार्यों की प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि परियोजनाओं की गुणवत्ता और समय पर पूर्णता के लिए जिला खनिज न्यास (DMF) अधिनियम के अंतर्गत राज्य स्तरीय केन्द्रीय कार्यक्रम प्रबंधन इकाई (CPMU) की स्थापना कर डीएमएफ कार्यों की बेहतर निगरानी और प्रभावी क्रियान्वयन किया जाए।

बैठक में परिवहन नेटवर्क के तहत चिरमिरी–नागपुर रेलवे लाइन के लिए 328 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ रेलवे कॉरिडोर के अंतर्गत 1 ईस्ट कॉरिडोर और 3 ईस्ट-वेस्ट कॉरिडोर के लिए 60.10 करोड़ रुपये तथा क्वासी इक्विटी (Quasi Equity) के रूप में 24.10 करोड़ रुपये के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।

इसके अलावा छत्तीसगढ़ खनिज विकास निगम लिमिटेड (CMDC) को एनएमडीसी–सीएमडीसी कंपनी लिमिटेड (NCL) संयुक्त उपक्रम में 49 प्रतिशत हिस्सेदारी के रूप में विभिन्न परियोजनाओं के विकास हेतु 112.70 करोड़ रुपये तथा विभागीय कार्यों के लिए अतिरिक्त 10 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई।

बैठक में संचालनालय भौमिकी एवं खनिकर्म के अंतर्गत खनिज ब्लॉकों की नीलामी (Auction), मिनरल ऑनलाइन 2.0 के माध्यम से भुगतान, भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण, पूर्वेक्षण, तकनीकी कार्यों के निष्पादन, मुख्य एवं गौण खनिजों के अवैध परिवहन की निगरानी के लिए आईटी और ड्रोन तकनीक के उपयोग तथा डीएमएफ कार्यों की निगरानी हेतु CPMU सहित विभागीय कार्यों के लिए कुल 138.17 करोड़ रुपये के प्रस्तावों को मंजूरी दी गई।

बैठक में समिति की 20वीं बैठक में लिए गए निर्णयों के क्रियान्वयन की स्थिति की भी समीक्षा की गई।

इस बैठक में वित्त मंत्री ओ पी चौधरी, मुख्य सचिव विकास शील, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव सुबोध कुमार सिंह, सचिव वित्त मुकेश बंसल, सचिव खनिज साधन विभाग पी दयानंद, संचालक खनिज रजत बंसल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।