मुंबई, महाराष्ट्र: मिडिल ईस्ट वॉर के चलते देश में एलपीजी (LPG) की किल्लत (shortage) के बीच केंद्र सरकार ने बड़ा राहत भरा फैसला लिया है। सरकार ने राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लिए कमर्शियल एलपीजी (commercial LPG) के आवंटन (allocation) में भारी बढ़ोतरी करने का निर्णय लिया है। मिली जानकारी के अनुसार, सोमवार 23 मार्च 2026 से राज्यों के लिए कमर्शियल एलपीजी का कोटा 30 प्रतिशत से बढ़ाकर 50 प्रतिशत कर दिया जाएगा। इस फैसले से देशभर में गैस की कमी से जूझ रहे कई सेक्टर को राहत मिलने की उम्मीद है।
सरकार के इस फैसले का सबसे ज्यादा फायदा होटल, रेस्टोरेंट और ढाबा उद्योग को मिलेगा, जो पिछले कुछ समय से एलपीजी की कमी के कारण प्रभावित हो रहे थे। इसके अलावा औद्योगिक कैंटीन और सब्सिडी वाली कैंटीन, फूड प्रोसेसिंग और डेयरी यूनिट्स, साथ ही कम्युनिटी किचन को भी इस अतिरिक्त कोटे का लाभ मिलेगा।
सरकार ने साफ किया है कि बढ़ाया गया यह कोटा मुख्य रूप से प्राथमिकता वाले सेक्टर को दिया जाएगा ताकि जरूरी सेवाएं प्रभावित न हों। इससे होटल इंडस्ट्री को राहत मिलने के साथ-साथ खाद्य आपूर्ति व्यवस्था भी सुचारू बनी रहेगी।
इसके साथ ही इस फैसले से प्रवासी मजदूरों को भी बड़ी राहत मिलेगी। अब वे 5 किलो वाले छोटे गैस सिलेंडर को आसानी से रिफिल करा सकेंगे। खासतौर पर शहरों में काम करने वाले मजदूरों के लिए यह फैसला बेहद अहम माना जा रहा है, क्योंकि उन्हें छोटे सिलेंडर पर ही निर्भर रहना पड़ता है।
सरकार का यह कदम ऐसे समय में आया है जब अंतरराष्ट्रीय हालात के कारण एलपीजी की सप्लाई प्रभावित हो रही है और देश के कई हिस्सों में इसकी कमी देखी जा रही है। ऐसे में यह निर्णय राहत देने वाला साबित हो सकता है।