सम्मक्का सागर परियोजना को लेकर बड़ी पहल, तेलंगाना मंत्री ने छत्तीसगढ़ सरकार से मांगा NOC

उत्तम कुमार रेड्डी ने मुख्यमंत्री को बताया कि यह परियोजना तेलंगाना के कई जिलों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।

  • Written By:
  • Publish Date - June 12, 2026 / 10:35 PM IST

हैदराबाद: तेलंगाना के सिंचाई (Irrigation) मंत्री एन. उत्तम कुमार रेड्डी (N. Uttam Kumar Reddy) ने सम्मक्का सागर परियोजना (Sammakka Sagar Project) के लिए छत्तीसगढ़ सरकार से अनापत्ति प्रमाण पत्र (NOC) जारी करने का अनुरोध किया है। इस संबंध में उन्होंने छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से मुलाकात कर परियोजना पर विस्तार से चर्चा की। यह परियोजना पहले तुपाकुलगुडेम बैराज (Tupakulagudem Barrage) के नाम से जानी जाती थी।

उत्तम कुमार रेड्डी ने मुख्यमंत्री को बताया कि यह परियोजना तेलंगाना के कई जिलों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि NOC मिलना अंतिम अंतरराज्यीय औपचारिकताओं में से एक है, जिसके बाद केंद्रीय जल आयोग (Central Water Commission – CWC) की मंजूरी का रास्ता साफ हो जाएगा।

बैठक के दौरान तेलंगाना सरकार ने भरोसा दिलाया कि परियोजना के कारण छत्तीसगढ़ में प्रभावित होने वाली भूमि, पुनर्वास और मुआवजे (Compensation) से जुड़ी सभी लागत वहन की जाएगी। सरकार ने यह भी कहा कि प्रभावित लोगों को राज्य के नियमों के अनुसार उचित मुआवजा दिया जाएगा और जरूरत पड़ने पर अग्रिम भुगतान भी किया जा सकता है।

सम्मक्का सागर परियोजना गोदावरी (Godavari River) नदी पर तेलंगाना के मुलुगु जिले में विकसित की जा रही है। इस परियोजना का उद्देश्य सिंचाई (Irrigation) सुविधाओं का विस्तार करना और पेयजल (Drinking Water) उपलब्धता को बढ़ाना है। इसके जरिए श्रीरामसागर परियोजना के तहत आने वाली बड़ी सिंचित भूमि को स्थिर जल आपूर्ति मिलने की उम्मीद है, साथ ही हजारों हेक्टेयर नए क्षेत्र को भी सिंचाई लाभ मिलेगा।

इस परियोजना से नलगोंडा, वारंगल, महबूबाबाद, सूर्यापेट, खम्मम और जंगांव जैसे जिलों को लाभ मिलने का अनुमान है। साथ ही यह फ्लोराइड प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराने में भी अहम भूमिका निभा सकती है।

उत्तम कुमार रेड्डी ने कहा कि तेलंगाना सरकार छत्तीसगढ़ की सभी चिंताओं का समाधान करने के लिए तैयार है और दोनों राज्यों के सहयोग से परियोजना को जल्द आगे बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा। वहीं छत्तीसगढ़ सरकार की ओर से भी इस विषय पर सकारात्मक रुख दिखाए जाने की बात सामने आई है।