इंदौर | मध्य प्रदेश: इंदौर (Indore) के भागीरथपुरा और भूरी टेकरी इलाके में दूषित पानी की गंभीर समस्या सामने आई है, जहां लगातार हो रही मौतों ने प्रशासन और सरकार की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार जब प्रभावित इलाके के दौरे पर पहुंचे तो हालात देखकर वे भावुक हो गए और उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े।
स्थानीय लोगों के अनुसार, लंबे समय से नलों से गंदा और बदबूदार पानी सप्लाई हो रहा था। इसी दूषित पानी के सेवन से अब तक करीब 20 लोगों की मौत होने का दावा किया जा रहा है, जबकि प्रशासन ने फिलहाल कम संख्या में मौतों की पुष्टि की है। प्रभावित परिवारों में दहशत और आक्रोश का माहौल है।
प्रशासन ने अब तक 18 मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी है। अधिकारियों का कहना है कि जिन मामलों में मौत की पुष्टि होगी, वहां भी मुआवजा दिया जाएगा। वहीं, इलाके में पानी की सप्लाई बंद कर टैंकरों के जरिए साफ पानी पहुंचाया जा रहा है।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि एक भी व्यक्ति की मौत दुखद है और सरकार पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सभी मामलों की जांच कराई जा रही है और दोषियों पर कार्रवाई होगी।
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने आरोप लगाया कि समय रहते अगर प्रशासन ने ध्यान दिया होता तो इतनी बड़ी त्रासदी नहीं होती। उन्होंने दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और पीड़ित परिवारों को पर्याप्त मुआवजा देने की मांग की है।
फिलहाल इलाके में पुलिस बल तैनात है और स्वास्थ्य विभाग द्वारा पानी के सैंपल की जांच की जा रही है। लोगों से दूषित पानी का इस्तेमाल न करने की अपील की गई है।