नई दिल्ली: संसद के बजट सत्र के दूसरे चरण (Budget Session 2026 Phase 2) में लोकसभा में लोकसभा अध्यक्ष Om Birla के खिलाफ विपक्ष द्वारा पेश किया गया अविश्वास प्रस्ताव (No‑Confidence Motion) बुधवार को ध्वनिमत (Voice Vote) से खारिज कर दिया गया। इस प्रस्ताव पर दिन भर बहस चली और सदन में राजनीतिक टकराव (Political Clash) का माहौल देखा गया।
विपक्ष ने आरोप लगाया कि स्पीकर ने सदन में पक्षपात (Partiality) किया और कई मौकों पर विपक्षी सांसदों को बोलने से रोका गया। कांग्रेस सांसदों ने कहा कि यह प्रस्ताव संसद की गरिमा (Parliamentary Dignity) और लोकतंत्र की रक्षा के लिए लाया गया है। विपक्षी सांसदों ने यह भी उठाया कि जब वे बोलना चाहते हैं तो उन्हें रोका जाता है।
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने अविश्वास प्रस्ताव पर जवाब में कहा कि नियमों के खिलाफ बोलने वालों के लिए संसदीय प्रक्रिया है और कोई भी नियमों के खिलाफ जाएगा तो उसे नियमों के तहत कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। सत्ता पक्ष ने जोर देकर कहा कि प्रस्ताव के विरोध में स्पष्ट बहुमत है।
बजट सत्र के दूसरे चरण में सदन की कार्रवाई में आमने‑सामने बहस, नारेबाजी और राजनीतिक आरोप‑प्रत्यारोप देखने को मिले। विपक्ष इस प्रस्ताव के माध्यम से स्पीकर की विरुद्धता और कार्यशैली पर सवाल उठा रहा था, जबकि सरकार ने कहा कि संसदीय कार्यवाही को सुचारु तरीके से चलाना प्राथमिकता है। चर्चा के लिए कुल 10 घंटे का समय निर्धारित था।
#WATCH | Lok Sabha rejects opposition’s No Confidence Motion against Speaker Om Birla by voice vote amid sloganeering.
House adjourned for the day pic.twitter.com/Cs2I7C8rls
— ANI (@ANI) March 11, 2026
