छत्तीसगढ़ विधानसभा में LPG सिलेंडर की कमी पर भारी हंगामा, नारेबाजी के बाद कांग्रेस विधायक सस्पेंड

By : hashtagu, Last Updated : March 12, 2026 | 1:02 pm

रायपुर, छत्तीसगढ़। विधानसभा के बजट सत्र में एलपीजी (LPG) सिलेंडर की कमी और गैस सप्लाई (Gas Supply) के मुद्दे पर गुरुवार को जोरदार हंगामा हो गया। नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि प्रदेश में गैस सिलेंडर नहीं मिलने से आम लोग और होटल संचालक परेशान हैं। इस पर भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने कहा कि यह विषय सदन के अधिकार क्षेत्र से बाहर है, जिसके बाद पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी नारेबाजी शुरू हो गई।

पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि जनहित को देखते हुए इस मुद्दे पर स्थगन प्रस्ताव स्वीकार कर चर्चा कराई जानी चाहिए। हालांकि सभापति ने यह कहते हुए स्थगन प्रस्ताव खारिज कर दिया कि यह विषय केंद्र सरकार से जुड़ा हुआ है। इसके बाद कांग्रेस के विधायक विरोध जताते हुए नारेबाजी करते हुए वेल तक पहुंच गए। लगातार हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही प्रभावित हुई और बाद में विपक्ष के कुछ विधायकों को सस्पेंड कर दिया गया।

इसी दौरान कार्यक्रमों के भुगतान का मुद्दा भी सदन में उठा। भाजपा विधायक लता उसेंडी ने अपनी ही सरकार को घेरते हुए कहा कि मौखिक और लिखित आदेशों पर आयोजित कार्यक्रमों का भुगतान अब तक नहीं हुआ है। इस पर मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि यदि संबंधित दस्तावेज उपलब्ध कराए जाते हैं तो मामले की जांच कर भुगतान कराया जाएगा।

इस मुद्दे पर कांग्रेस विधायक कवासी लखमा ने तंज कसते हुए कहा कि जब भाजपा विधायक लता उसेंडी की ही बात नहीं सुनी जा रही है, तो विपक्ष की बात कैसे सुनी जाएगी। उनके इस बयान के बाद सदन में कुछ समय के लिए माहौल और गर्म हो गया।

विधानसभा में इससे पहले सड़क हादसों में बढ़ती मौतों का मुद्दा भी जोरदार तरीके से उठा। अकलतरा विधायक राघवेन्द्र सिंह ने सवाल उठाते हुए कहा कि वर्ष 2025 में सड़क दुर्घटनाओं में बढ़ोतरी क्यों हो रही है। उन्होंने बताया कि अकलतरा क्षेत्र में 2024 में 76 लोगों की मौत हुई थी, जो 2025 में बढ़कर 86 हो गई। वहीं 2026 में 1 जनवरी से 14 फरवरी के बीच ही 13 लोगों की जान जा चुकी है।

इस पर मंत्री केदार कश्यप ने जवाब देते हुए कहा कि प्रदेश में सड़कों के विस्तार, वाहनों की संख्या बढ़ने और लोगों की लापरवाही के कारण दुर्घटनाएं होती हैं। उन्होंने कहा कि हालांकि 2024 की तुलना में 2025 में डेथ रेशियो में कमी आई है।

विधायक ने ड्रिंक एंड ड्राइव और ट्रॉमा सेंटर की कमी का मुद्दा भी उठाया। इस पर मंत्री ने कहा कि सड़क सुरक्षा को लेकर जनजागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं और जहां अधिक दुर्घटनाएं हो रही हैं, वहां संबंधित विभागों के साथ समन्वय कर समाधान किया जाएगा।

वहीं भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं का मुद्दा गृह, परिवहन और अन्य विभागों से जुड़ा हुआ है, इसलिए सभी विभागों को मिलकर काम करने की जरूरत है ताकि दुर्घटनाओं को कम किया जा सके।