रायपुर, छत्तीसगढ़। राज्य में घरेलू एलपीजी (LPG) गैस सिलेंडर की उपलब्धता, आपूर्ति (Supply) और स्टॉक (Stock) को लेकर सरकार ने स्थिति स्पष्ट की है। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की सचिव रीना बाबा साहेब कंगाले ने मंत्रालय महानदी भवन में ऑयल कंपनियों के अधिकारियों के साथ बैठक कर राज्य में घरेलू एलपीजी गैस, डीजल और पेट्रोल की आपूर्ति व्यवस्था की समीक्षा की। बैठक में अधिकारियों ने बताया कि प्रदेश में गैस सिलेंडर का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और उपभोक्ताओं को नियमित रूप से आपूर्ति की जा रही है।
सरकार की ओर से बताया गया कि छत्तीसगढ़ में संचालित सभी पांच एलपीजी बॉटलिंग प्लांट में गैस का पर्याप्त भंडार मौजूद है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि गैस की दैनिक आपूर्ति और वितरण व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखी जाए, ताकि किसी भी उपभोक्ता को परेशानी न हो और बाजार में कृत्रिम कमी की स्थिति पैदा न हो।
बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि वर्तमान समय में कमर्शियल गैस सिलेंडर की सप्लाई मुख्य रूप से जरूरी संस्थानों जैसे अस्पतालों और शैक्षणिक संस्थानों को प्राथमिकता के आधार पर की जा रही है। सचिव रीना कंगाले ने निर्देश दिया कि परीक्षाओं का समय चल रहा है, इसलिए छात्रावासों और शिक्षण संस्थानों में गैस सिलेंडर की आपूर्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि छात्रों को किसी तरह की परेशानी न हो।
इसके साथ ही सरकार ने यह भी कहा कि परिस्थितियों को देखते हुए कमर्शियल गैस की लगभग 15 प्रतिशत सप्लाई होटलों और अन्य आवश्यक सेवाओं से जुड़े प्रतिष्ठानों को देने पर भी विचार किया जा सकता है। अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए गए हैं कि जिलों में एलपीजी गैस के दुरुपयोग, अवैध रिफिलिंग और कालाबाजारी पर सख्त कार्रवाई की जाए। यदि कहीं भी अनियमितता पाई जाती है तो आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत कार्रवाई की जाएगी।
बैठक के दौरान राज्य में डीजल, पेट्रोल और सीएनजी की उपलब्धता की भी समीक्षा की गई। ऑयल कंपनियों के अधिकारियों ने बताया कि राज्य के तीनों डिपो में पेट्रोल और डीजल का भी पर्याप्त स्टॉक मौजूद है और इसकी आपूर्ति सामान्य रूप से जारी है।
खाद्य सचिव रीना बाबा साहेब कंगाले ने प्रदेश के उपभोक्ताओं को आश्वस्त करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ में एलपीजी गैस, डीजल और पेट्रोल की किसी भी प्रकार की कमी नहीं है। यदि किसी उपभोक्ता को गैस सिलेंडर की सप्लाई, कालाबाजारी या अन्य किसी समस्या की शिकायत हो तो वे टोल-फ्री नंबर 1800-233-3663 पर संपर्क कर सकते हैं। सरकार ने स्पष्ट किया है कि उपभोक्ताओं को गैस एजेंसियों के माध्यम से नियम के अनुसार नियमित आपूर्ति दी जा रही है और किसी भी गड़बड़ी पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।