छत्तीसगढ़ में जनगणना 2027 की तैयारियां तेज: 19,978 गांवों में होगी गणना, 62,500 कर्मी तैनात, ऑनलाइन सेल्फ एन्यूमरेशन भी शुरू

By : hashtagu, Last Updated : April 13, 2026 | 6:21 pm

रायपुर (छत्तीसगढ़): छत्तीसगढ़ में जनगणना 2027 (Census 2027) को लेकर तैयारियां तेज कर दी गई हैं। गृह विभाग (Home Department) के अतिरिक्त मुख्य सचिव Manoj Pingua और जनगणना कार्य निदेशक Karthikeya Goyal ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस पूरे अभियान की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि यह आजादी के बाद देश की आठवीं जनगणना होगी और इसे अब तक का सबसे बड़ा सर्वेक्षण माना जा रहा है।

सरकार ने इस बार गृह विभाग को नोडल विभाग (Nodal Department) बनाया है, जो पूरे जनगणना अभियान का संचालन करेगा। प्रक्रिया को दो चरणों में पूरा किया जाएगा। पहले चरण की शुरुआत 1 मई से होगी और यह 30 मई तक चलेगा। इस दौरान प्रगणक (Enumerators) घर-घर जाकर जानकारी एकत्र करेंगे।

इस बार छत्तीसगढ़ के कुल 19,978 गांवों में जनगणना की जाएगी। इसके साथ ही राज्य के सभी 33 जिलों, 195 नगरीय निकायों और 252 तहसीलों में यह अभियान चलेगा। इसके लिए लगभग 49,000 गणना ब्लॉक (Enumeration Blocks) बनाए गए हैं।

इस जनगणना में पहली बार नागरिकों को स्व-गणना (Self Enumeration) की सुविधा दी जा रही है। 16 अप्रैल से 30 अप्रैल के बीच लोग ऑनलाइन माध्यम से स्वयं अपनी जानकारी दर्ज कर सकेंगे, हालांकि यह सुविधा पूरी तरह वैकल्पिक (Optional) होगी।

पहले चरण में लोगों से 33 सवाल पूछे जाएंगे, जिनमें मकान की स्थिति, परिवार की जानकारी, आवासीय स्थिति और संपत्ति से जुड़े प्रश्न शामिल होंगे। सरकार ने स्पष्ट किया है कि दी गई सभी व्यक्तिगत जानकारी पूरी तरह गोपनीय (Confidential) रखी जाएगी।

इस महाअभियान के लिए राज्य में 62,500 कर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है। इनमें 47 प्रमुख जनगणना अधिकारी, 250 जिला स्तरीय अधिकारी और 472 चार्ज ऑफिसर्स शामिल हैं। प्रत्येक प्रगणक को अधिकतम 800 व्यक्तियों और 180 मकानों का सर्वे करने की जिम्मेदारी दी गई है।

सरकार का कहना है कि यह जनगणना पूरी तरह डिजिटल (Digital Census) होगी और इसके लिए मोबाइल ऐप का उपयोग किया जाएगा। इससे प्रक्रिया अधिक सटीक, पारदर्शी और तेज होगी, जिससे भविष्य की विकास योजनाओं को बेहतर तरीके से लागू किया जा सकेगा।