दिल्ली बीजेपी में बड़ा बदलाव, हर्ष मल्होत्रा बने प्रदेश अध्यक्ष, मोदी कैबिनेट फेरबदल की अटकलें तेज

By : hashtagu, Last Updated : May 29, 2026 | 4:16 pm

नई दिल्ली: भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने दिल्ली संगठन में बड़ा बदलाव करते हुए केंद्रीय मंत्री (Union Minister) हर्ष मल्होत्रा को दिल्ली बीजेपी का नया प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया है। उनकी नियुक्ति के बाद अब केंद्र सरकार और पार्टी संगठन में बड़े फेरबदल (Cabinet Reshuffle) की चर्चाएं तेज हो गई हैं। बीजेपी नेतृत्व ने यह फैसला ऐसे समय में लिया है जब पार्टी कई राज्यों में संगठनात्मक बदलाव कर रही है और आने वाले चुनावों की तैयारी में जुटी हुई है।

हर्ष मल्होत्रा पूर्वी दिल्ली से लोकसभा सांसद हैं और वर्तमान में केंद्र सरकार में सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय और कॉर्पोरेट मामलों के मंत्रालय में राज्य मंत्री की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। पार्टी ने उन्हें वीरेंद्र सचदेवा की जगह दिल्ली बीजेपी की कमान सौंपी है। बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन ने इस नियुक्ति की घोषणा की। इसके साथ ही हरियाणा, पंजाब और त्रिपुरा में भी नए प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किए गए हैं।

बीजेपी के अंदरूनी सूत्रों का मानना है कि हर्ष मल्होत्रा की नियुक्ति सिर्फ संगठनात्मक बदलाव नहीं है बल्कि यह केंद्र सरकार में संभावित फेरबदल का संकेत भी हो सकता है। माना जा रहा है कि पार्टी संगठन और सरकार दोनों स्तरों पर नई रणनीति तैयार की जा रही है। पार्टी जल्द ही अपनी राष्ट्रीय टीम और संसदीय बोर्ड में भी बदलाव कर सकती है।

हर्ष मल्होत्रा लंबे समय से दिल्ली बीजेपी और आरएसएस से जुड़े रहे हैं। वह पूर्वी दिल्ली नगर निगम के मेयर भी रह चुके हैं और संगठन में मजबूत पकड़ रखने वाले नेताओं में गिने जाते हैं। बीजेपी नेतृत्व उन्हें जमीन से जुड़े और संगठनात्मक अनुभव वाले नेता के तौर पर देखता है।

दिल्ली में बीजेपी की सरकार बनने के बाद संगठन में यह पहला बड़ा बदलाव माना जा रहा है। राजनीतिक जानकारों का कहना है कि पार्टी अब दिल्ली में लोकसभा और विधानसभा दोनों स्तर पर संगठन को और मजबूत करने की तैयारी कर रही है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार बनने के बाद पार्टी संगठन और सरकार के बीच बेहतर तालमेल बनाने पर भी जोर दिया जा रहा है।

बीजेपी ने इस बदलाव के जरिए साफ संकेत दिया है कि आने वाले महीनों में पार्टी और सरकार दोनों में बड़े राजनीतिक फैसले देखने को मिल सकते हैं। अब सबकी नजर इस बात पर टिकी है कि मोदी सरकार में संभावित कैबिनेट विस्तार या फेरबदल कब होता है और उसमें किन नेताओं को नई जिम्मेदारियां मिलती हैं।