रायपुर में ‘ड्रग्स क्वीन’ नव्या मलिक पर सियासी घमासान: विधानसभा में गूंजा नाम, भूपेश बघेल ने उठाए तीखे सवाल
By : hashtagu, Last Updated : February 26, 2026 | 8:14 pm
By : hashtagu, Last Updated : February 26, 2026 | 8:14 pm
रायपुर, छत्तीसगढ़: राजधानी रायपुर की कथित ‘ड्रग्स क्वीन’ (Drugs Queen) नव्या मलिक एक बार फिर सुर्खियों में है। 26 फरवरी 2026 को छत्तीसगढ़ विधानसभा (Chhattisgarh Legislative Assembly) के बजट सत्र (Budget Session) के दौरान नव्या मलिक का नाम सदन में गूंजा। पूर्व मुख्यमंत्री Bhupesh Baghel ने इस मुद्दे को उठाते हुए सरकार से कई सवाल पूछे और सोशल मीडिया पर भी पोस्ट साझा की।
23 फरवरी से शुरू हुए बजट सत्र में विपक्ष लगातार Vishnu Deo Sai सरकार को घेरने की कोशिश कर रहा है। इसी दौरान गृहमंत्री Vijay Sharma ने पिछले 12 महीनों में प्रदेश में पकड़े गए ड्रग्स के 282 प्रकरणों में अंतर्राज्यीय मामलों से जुड़े आरोपियों की जानकारी सदन में दी।
भूपेश बघेल का आरोप है कि इन 282 आरोपियों की सूची में नव्या मलिक का नाम शामिल नहीं था, जबकि रायपुर के चर्चित ड्रग केस में उसका नाम लंबे समय तक मीडिया में सुर्खियों में रहा। नाम शामिल न होने पर बघेल ने सदन में आपत्ति जताई और बाद में सोशल मीडिया पर विधानसभा की कार्यवाही का वीडियो साझा करते हुए सरकार पर सवाल उठाए।
नव्या मलिक पर चुप्पी‼️
बहुचर्चित नव्या मलिक का नाम तो आप सबने सुना ही होगा.
लेकिन कमाल की बात ये है कि सरकार ने पुलिस द्वारा पकड़े गए ड्रग तस्करों की जो 282 लोगों की सूची जारी की है, उसमें नव्या मलिक का नाम ही नहीं है.
आख़िर महीनों तक अख़बारों, टी.वी चैनलों, सोशल मीडिया पर छाई… pic.twitter.com/H2ptZjJJJI
— Bhupesh Baghel (@bhupeshbaghel) February 26, 2026
बघेल ने पूछा कि नव्या मलिक कौन है, उसका नाम सूची में क्यों नहीं है, उसका विदेश से क्या कनेक्शन है और वह कितनी बार विदेश गई तथा किन लोगों के साथ गई। उन्होंने यह भी सवाल किया कि आखिर सूची से उसका नाम किसने हटवाया और क्या इस मामले की जांच कर जिम्मेदारी तय की जाएगी।
सदन में गृहमंत्री ने कहा कि संबंधित “विशेष नाम” पर तत्काल ध्यान नहीं जा सका, लेकिन पूरी जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी। इस जवाब के बाद विपक्ष ने सरकार पर मामले को दबाने का आरोप लगाया।
ड्रग्स मामलों को लेकर पहले भी राजनीतिक बयानबाजी होती रही है, लेकिन इस बार नव्या मलिक का नाम सीधे विधानसभा में उठने से मामला और गरमा गया है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर सियासत और तेज होने की संभावना है।