कोच्चि (केरल): मलयालम अभिनेता मोहनलाल ने केरल वन विभाग (Kerala Forest Department) के समक्ष अपने पास मौजूद 10 हाथी दांत (Elephant Tusks) और 13 हाथीदांत की मूर्तियों (Ivory Idols) की घोषणा (Declaration) की है। यह घोषणा विभाग की आम माफी योजना (Amnesty Scheme) के तहत की गई है। इसी बीच अभिनेता पहले से चल रहे वन्यजीव (Wildlife) से जुड़े कथित अवैध कब्जे (Illegal Possession) के मामले में अदालत में मुकदमे का सामना कर रहे हैं।
वन विभाग के मलयट्टूर डिवीजन के अधिकारियों के अनुसार, मोहनलाल ने पहले चार हाथी दांत घोषित किए थे। अब उन्होंने छह और हाथी दांत तथा 13 हाथीदांत की मूर्तियों की जानकारी दी है। इन मूर्तियों में भगवान कृष्ण, भगवान राम और तिरुपति बालाजी की प्रतिमाएं शामिल हैं, जिनका कुल वजन लगभग 46 किलोग्राम बताया गया है।
मोहनलाल का कहना है कि उनके पास मौजूद अधिकांश हाथी दांत उन्हें विरासत में मिले हैं या फिर उपहार के रूप में प्राप्त हुए थे। वन विभाग अब इन हाथी दांतों और मूर्तियों की वास्तविकता की पुष्टि के लिए डीएनए परीक्षण कराएगा।
केरल वन विभाग की एकमुश्त आम माफी योजना के तहत जिन लोगों के पास बिना पंजीकरण वाले वन्यजीव उत्पाद या उनसे जुड़ी वस्तुएं हैं, वे उनकी घोषणा कर सकते हैं। ऐसा करने पर उन्हें तत्काल कानूनी कार्रवाई से राहत मिल सकती है और विभाग निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार उनकी जांच करता है।
मोहनलाल के खिलाफ यह मामला वर्ष 2011 में आयकर विभाग की छापेमारी के बाद शुरू हुआ था। छापे के दौरान उनके आवास से हाथी दांत और हाथीदांत की मूर्तियां मिलने के बाद वन विभाग ने बिना वैध अनुमति दो जोड़ी हाथी दांत रखने का मामला दर्ज किया था। बाद में केरल सरकार ने इस मामले को वापस लेने का प्रयास किया, लेकिन ट्रायल कोर्ट ने इसे स्वीकार नहीं किया। इसके बाद केरल हाईकोर्ट ने भी निचली अदालत के फैसले को बरकरार रखते हुए मुकदमे की सुनवाई जारी रखने का निर्देश दिया। पिछले वर्ष हाईकोर्ट ने मोहनलाल के पास मौजूद हाथीदांत से जुड़ी वस्तुओं के स्वामित्व प्रमाणपत्र भी रद्द कर दिए थे।