दिल्ली: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को 2026 का केंद्रीय बजट (Budget 2026) पेश किया। इस बजट में आम आदमी के लिए कोई बड़ा ऐलान नहीं किया गया। वित्त मंत्री के 85 मिनट के भाषण में खासतौर से टैक्स फाइलिंग में सहूलियत, रेलवे प्रोजेक्ट्स और आयुर्वेदिक AIIMS जैसी नई घोषणाएं की गईं।
Union Finance Minister Smt. @nsitharaman proposed to expand economy through strengthening medical, heritage and cultural tourism.#ViksitBharatBudget pic.twitter.com/mzK68BXq53
— Ministry of Finance (@FinMinIndia) February 1, 2026
बजट में इनकम टैक्स स्लैब (income tax slab) में कोई बदलाव नहीं किया गया। हालांकि, रिवाइज्ड रिटर्न (revised return) फाइल करने के लिए 3 महीने का अतिरिक्त समय दिया गया है, यानी अब 31 दिसंबर के स्थान पर लोग 31 मार्च तक अपना रिवाइज्ड रिटर्न फाइल कर सकेंगे। इसके अलावा, 7 हाईस्पीड रेल कॉरिडोर (high-speed rail corridors) का ऐलान किया गया, जिसमें मुंबई-पुणे, पुणे-हैदराबाद, हैदराबाद-बेंगलुरु, हैदराबाद-चेन्नई, चेन्नई-बेंगलुरु, दिल्ली-वाराणसी और वाराणसी-सिलिगुड़ी शामिल हैं।
वित्त मंत्री ने कैंसर की 17 दवाइयों पर आयात शुल्क (import duty) हटाने की घोषणा की, जिससे इन दवाओं की कीमतों में कमी आएगी। साथ ही 7 दुर्लभ बीमारियों (rare diseases) की दवाइयों पर भी ड्यूटी फ्री की सुविधा दी जाएगी। इसके अलावा, आयुर्वेद (Ayurveda) के क्षेत्र में तीन नए AIIMS (All India Institute of Medical Sciences) खोले जाएंगे और 5 मेडिकल हब (medical hubs) भी स्थापित किए जाएंगे।
इसके अलावा, 5 लाख से अधिक आबादी वाले टियर-2 और टियर-3 शहरों के विकास के लिए 12.2 लाख करोड़ रुपये खर्च किए जाने की घोषणा की गई। 15,000 सेकेंडरी स्कूलों और 500 कॉलेजों में कंटेंट क्रिएटर लैब्स (content creator labs) बनाने की योजना है, जिससे छात्रों को डिजिटल कंटेंट बनाने के लिए आवश्यक संसाधन मिलेंगे।
श्रम-प्रधान कपड़ा क्षेत्र के लिए, मैं पांच उप-भागों के साथ एक एकीकृत कार्यक्रम का प्रस्ताव करती हूँ:
💠 राष्ट्रीय फाइबर योजना
💠 वस्त्र विस्तार एवं रोजगार योजना
💠 राष्ट्रीय हथकरघा एवं हस्तशिल्प कार्यक्रम
💠 टेक्स्ट-ईकॉन पहल
💠 समर्थ 2.0– केंद्रीय वित्त मंत्री @nsitharaman… pic.twitter.com/iOYdCCUbly
— पीआईबी हिंदी (@PIBHindi) February 1, 2026
बजट में महिलाओं के लिए भी विशेष घोषणाएं की गई हैं। करीब 800 जिलों में लड़कियों के लिए हॉस्टल (hostels) बनाए जाएंगे, जिसमें हर जिले में एक हॉस्टल होगा।
इस बार के बजट का मुख्य उद्देश्य तीन प्रमुख विजन पर आधारित है:
रफ्तार (speed): प्रोडक्टिविटी बढ़ाकर आर्थिक विकास की गति को तेज करना।
क्षमता (capacity): लोगों की काबिलियत को निखारना ताकि वे देश की तरक्की में योगदान दे सकें।
सबका साथ (inclusive growth): हर परिवार और क्षेत्र के पास कमाई के पर्याप्त संसाधन और मौके हों।