नई दिल्ली। केंद्र की भारत सरकार ने सभी मंत्रालयों और विभागों को जून 2024 के बाद किए गए प्रमुख सुधारों (Reforms) की विस्तृत सूची तैयार करने का निर्देश दिया है। सरकार ने कहा है कि हर मंत्रालय अपने-अपने क्षेत्र में लागू किए गए बड़े फैसलों, उनके प्रभाव (Impact) और आम जनता को हुए लाभ का पूरा ब्योरा रिपोर्ट के रूप में सौंपे।
सूत्रों के मुताबिक प्रत्येक मंत्रालय से कम से कम तीन बड़े सुधारों की जानकारी मांगी गई है। रिपोर्ट में यह भी बताना होगा कि इन सुधारों से क्या बदलाव आया, किस स्तर पर सुधार लागू हुए और उन्हें लागू करने में किन चुनौतियों (Challenges) का सामना करना पड़ा।
सरकार इस पूरी प्रक्रिया को एक तरह का “रिफॉर्म रिपोर्ट कार्ड” मान रही है, जिसके जरिए यह समीक्षा की जाएगी कि किस मंत्रालय ने किस दिशा में काम किया और उसका जमीनी असर कितना रहा। यह रिपोर्ट आगामी उच्चस्तरीय बैठकों में समीक्षा के लिए रखी जाएगी।
सरकारी सूत्रों का कहना है कि उद्देश्य सुधार प्रक्रिया को पारदर्शी (Transparent) और जवाबदेह (Accountable) बनाना है, ताकि नीतिगत फैसलों का वास्तविक मूल्यांकन हो सके। इसके आधार पर आगे की रणनीति तय की जाएगी और जिन क्षेत्रों में सुधार की आवश्यकता होगी, वहां नए कदम उठाए जाएंगे।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह पहल प्रशासनिक कामकाज की निगरानी को मजबूत करेगी और भविष्य की नीतियों को अधिक परिणामोन्मुख बनाने में मददगार साबित हो सकती है। सरकार अब मंत्रालयों से तय समय सीमा के भीतर यह विस्तृत रिपोर्ट सौंपने की अपेक्षा कर रही है।