मॉस्को, रूस: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Vladimir Putin) को अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से प्रस्तावित ‘गाजा शांति बोर्ड’ में शामिल होने का न्योता मिला है। क्रेमलिन ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा है कि इस प्रस्ताव पर फिलहाल विचार किया जा रहा है और इसके सभी पहलुओं का अध्ययन किया जा रहा है।
क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने बताया कि पुतिन को यह आमंत्रण राजनयिक माध्यमों से मिला है। रूस इस प्रस्ताव के ढांचे, उद्देश्य और भूमिका को समझने की प्रक्रिया में है। उन्होंने कहा कि वॉशिंगटन के साथ संपर्क कर इस पहल से जुड़े अहम बिंदुओं पर स्पष्टता ली जा रही है।
डोनाल्ड ट्रंप द्वारा प्रस्तावित गाजा शांति बोर्ड को गाजा में चल रहे संघर्ष के समाधान और भविष्य में स्थिरता लाने की योजना के रूप में देखा जा रहा है। इस बोर्ड का उद्देश्य संघर्षविराम के बाद हालात को संभालना, गाजा के पुनर्निर्माण की निगरानी करना और क्षेत्र में शांति बहाल करने के लिए अंतरराष्ट्रीय सहयोग को मजबूत करना बताया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि इस शांति बोर्ड में दुनिया के कई देशों को शामिल होने का न्योता दिया गया है। हालांकि रूस की भागीदारी को लेकर अभी अंतिम फैसला नहीं लिया गया है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इस पहल को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं और कुछ देश इसे संयुक्त राष्ट्र जैसे मौजूदा अंतरराष्ट्रीय ढांचे से अलग एक नई पहल के रूप में देख रहे हैं।
पुतिन के इस प्रस्ताव पर विचार करने से वैश्विक राजनीति में हलचल तेज हो गई है, क्योंकि रूस की भूमिका गाजा संकट और पश्चिम एशिया की राजनीति में अहम मानी जाती है।
