श्योपुर (मध्य प्रदेश): मध्य प्रदेश के कूनो नेशनल पार्क (Kuno National Park) से वन्यजीव संरक्षण के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। यहां मादा चीता ज्वाला (Female Cheetah Jwala) ने पांच शावकों (Cubs) को जन्म दिया है। इस घटना को भारत में चल रहे ‘प्रोजेक्ट चीता’ (Project Cheetah) के लिए बड़ी सफलता माना जा रहा है।
They said Project Cheetah would fail and the cheetahs wouldn’t adapt or breed.
Reality: Namibian cheetah Jwala just had her 3rd litter (5 cubs!), bringing the total to 53, with 33 born in India.
The project isn’t just surviving, it’s thriving. 🔥 pic.twitter.com/u8EqkRfFxb
— Varun Kumar Rana (@VarunKrRana) March 9, 2026
वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार ज्वाला नाम की यह चीता नामीबिया से भारत लाई गई थी। उसने कूनो नेशनल पार्क में तीसरी बार शावकों को जन्म दिया है। नए पांच शावकों के जन्म के बाद भारत में चीतों की कुल संख्या बढ़कर 50 के पार पहुंच गई है।
विशेषज्ञों का कहना है कि यह उपलब्धि इसलिए भी अहम है क्योंकि भारत में लगभग 70 साल पहले चीते विलुप्त हो चुके थे। उन्हें दोबारा बसाने के लिए केंद्र सरकार ने ‘प्रोजेक्ट चीता’ शुरू किया, जिसके तहत अफ्रीका के देशों से चीतों को लाकर कूनो नेशनल पार्क में छोड़ा गया था।
वन्यजीव अधिकारियों के मुताबिक ज्वाला और उसके सभी शावक स्वस्थ हैं और फिलहाल उन पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। पार्क प्रबंधन ने बताया कि हाल के समय में कूनो में कई चीतों के शावकों का जन्म हुआ है, जिससे इस संरक्षण कार्यक्रम को मजबूती मिल रही है।
पर्यावरण विशेषज्ञों का मानना है कि लगातार हो रहे जन्म इस बात का संकेत हैं कि चीते भारत के पर्यावरण और जंगलों के अनुकूल हो रहे हैं। इससे भविष्य में देश में चीतों की स्थायी आबादी तैयार करने की उम्मीद और मजबूत हुई है।
