वेनेजुएला में भूकंप से तबाही, मलबे में दबे लोगों की आवाजें सुन रहीं रेस्क्यू टीमें, मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका

By : hashtagu, Last Updated : June 25, 2026 | 1:51 pm

काराकास (वेनेजुएला)। वेनेजुएला में आए भीषण भूकंप (Earthquake) के बाद राहत और बचाव अभियान (Rescue Operation) लगातार जारी है। रेस्क्यू टीमें मलबे (Rubble) में दबे लोगों को निकालने के लिए दिन-रात काम कर रही हैं। अधिकारियों के अनुसार कई स्थानों पर बचावकर्मियों को मलबे के नीचे फंसे लोगों की आवाजें सुनाई दे रही हैं, जिसके बाद राहत दल तेजी से उन्हें जीवित निकालने की कोशिश कर रहे हैं।

बुधवार रात वेनेजुएला में 7.2 और 7.5 तीव्रता के दो शक्तिशाली भूकंप महज 39 सेकंड के अंतराल पर आए। दोनों झटकों ने राजधानी काराकास समेत कई इलाकों में भारी तबाही मचाई। दर्जनों इमारतें ढह गईं, सड़कें क्षतिग्रस्त हो गईं और कई इलाकों में बिजली तथा संचार सेवाएं प्रभावित हुईं।

वेनेजुएला की अंतरिम राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज ने बताया कि अब तक कम से कम 32 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 700 से अधिक लोग घायल हुए हैं। सरकार का कहना है कि मृतकों की संख्या बढ़ सकती है क्योंकि कई लोग अभी भी लापता हैं और बड़ी संख्या में लोग ढही हुई इमारतों के नीचे फंसे होने की आशंका है।

सबसे ज्यादा नुकसान ला गुआइरा राज्य में हुआ है, जहां कई इमारतें पूरी तरह धराशायी हो गईं। अधिकारियों ने इस क्षेत्र को आपदा प्रभावित क्षेत्र घोषित कर दिया है। काराकास के कई रिहायशी इलाकों में भी इमारतों के गिरने की घटनाएं सामने आई हैं। स्थानीय प्रशासन के मुताबिक कुछ स्थानों पर लोगों को जीवित बाहर निकाला गया है, जबकि कई इलाकों में खोज अभियान अभी भी जारी है।

भूकंप के बाद 20 से अधिक आफ्टरशॉक (Aftershocks) दर्ज किए गए हैं, जिसके चलते लोगों में दहशत का माहौल है। प्रशासन ने नागरिकों से क्षतिग्रस्त इमारतों से दूर रहने और सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की अपील की है। कई परिवार पूरी रात खुले मैदानों और सड़कों पर गुजारने को मजबूर हुए।

भूकंप से देश के प्रमुख साइमन बोलिवार अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को भी नुकसान पहुंचा है। टर्मिनल के कुछ हिस्सों में छत और अन्य ढांचे क्षतिग्रस्त होने के बाद हवाई अड्डे का संचालन अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया। कई सार्वजनिक परिवहन सेवाओं को भी रोक दिया गया है।

अमेरिका समेत कई देशों ने वेनेजुएला को सहायता देने की पेशकश की है। अंतरराष्ट्रीय राहत एजेंसियां भी बचाव और राहत कार्यों में सहयोग के लिए आगे आ रही हैं। इस बीच राहतकर्मियों की सबसे बड़ी प्राथमिकता मलबे में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालना और प्रभावित इलाकों तक जरूरी मदद पहुंचाना है।