नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और युद्ध जैसे हालात के बीच भारत के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। भारत के दो एलपीजी (LPG – Liquefied Petroleum Gas) जहाज सुरक्षित रूप से होरमुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) पार कर भारत की ओर रवाना हो गए हैं। ईरान के सर्वोच्च नेता के भारत में प्रतिनिधि मजिद हकीम इलाही ने कहा कि ईरान ने भारत के जहाजों के लिए रास्ता बंद नहीं किया है और दोनों देशों के बीच दोस्ताना संबंधों को देखते हुए भारतीय जहाजों को गुजरने की अनुमति दी जा रही है।
रिपोर्ट के अनुसार भारतीय ध्वज वाले दो गैस टैंकर ‘शिवालिक’ और ‘नंदा देवी’ होरमुज जलडमरूमध्य से सुरक्षित निकलकर भारत की ओर बढ़ रहे हैं। इन जहाजों में करीब 92,700 टन एलपीजी गैस लदी हुई है, जो भारत के लिए महत्वपूर्ण ऊर्जा आपूर्ति मानी जा रही है। यह जहाज जल्द ही गुजरात के बंदरगाहों पर पहुंचने वाले हैं।
ईरान के प्रतिनिधि मजिद हकीम इलाही ने कहा कि ईरान ने जलडमरूमध्य को औपचारिक रूप से बंद नहीं किया है, लेकिन मौजूदा युद्ध जैसी स्थिति और सुरक्षा हालात के कारण कई जहाजों की आवाजाही प्रभावित हुई है। उन्होंने यह भी कहा कि ईरान और भारत के बीच अच्छे संबंध हैं और इसलिए भारतीय जहाजों को गुजरने देने की कोशिश की जा रही है।
बताया जा रहा है कि अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच बढ़े संघर्ष के कारण इस रणनीतिक समुद्री मार्ग पर जहाजों की आवाजाही काफी प्रभावित हुई है। होरमुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण ऊर्जा मार्गों में से एक है और यहां से दुनिया के लगभग 20 प्रतिशत तेल और गैस की आपूर्ति गुजरती है।
स्थिति को देखते हुए भारत सरकार लगातार कूटनीतिक प्रयास कर रही है ताकि भारत आने वाले अन्य जहाजों को भी सुरक्षित रास्ता मिल सके। रिपोर्ट के मुताबिक करीब 22 भारतीय जहाज अभी भी इस इलाके के आसपास फंसे हुए हैं और उन्हें सुरक्षित रास्ता दिलाने के लिए बातचीत जारी है।